राजस्थान सामान्य ज्ञान महत्वपूर्ण प्रश्न (MCQ) - भाग 10

राजस्थान सामान्य ज्ञान महत्वपूर्ण प्रश्न (MCQ) - भाग 10

राजस्थान सामान्य ज्ञान महत्वपूर्ण प्रश्न (MCQ) - भाग 10

राजस्थान का इतिहास एवं कला संस्कृति - महत्वपूर्ण प्रश्न (MCQ) - भाग 10

प्रश्न 414. पाबूजी का जन्म धांधलजी राठौड़ के घर -------- में कोलूमुण्ड गांव में हुआ था।

  • A. 1074 ई.
  • B. 946 ई.
  • C. 1239 ई.
  • D. 1243 ई.
✔ सही उत्तर: C
व्याख्या: पाबूजी का जन्म 1239 ई. (वि.सं. 1296) में फलोदी जिले के कोलूमुण्ड (कोलू) गाँव में धांधलजी राठौड़ के यहाँ हुआ था।

प्रश्न 415. पाबूजी का जन्म इतिहासकार ------------- के अनुसार बाड़मेर से आठ कोस आगे खारी खाबड़ में जूना ग्राम में अप्सरा के गर्भ से हुआ था।

(i) कर्नल जेम्स टॉड
(ii) मुहणौत नैणसी
(iii) आशिया मोड़जी
(iv) मुंशी देवी प्रसाद

  • A. i, ii
  • B. ii, iii
  • C. i, ii, iii
  • D. i, ii, iii, iv
✔ सही उत्तर: B
व्याख्या: मुहणौत नैणसी (नैणसी री ख्यात) और आशिया मोड़जी (पाबू प्रकाश) के अनुसार पाबूजी का जन्म बाड़मेर के खारी खाबड़ के जूना ग्राम में एक अप्सरा के गर्भ से हुआ माना जाता है।

प्रश्न 416. पाबूजी के बारे में सत्य कथन बताइये-

(i) विवाह - अमरकोट के सूरजमल सोढा की पुत्री के साथ हुआ था।
(ii) विवाह में तीन फेरे ही लिये थे।
(iii) इन्होंने देवल चारणी की गायों की रक्षा की थी।
(iv) देवल चारणी की घोड़ी केसर कालमी थी।

  • A. i, ii, iii
  • B. ii, iii, iv
  • C. i, iii, iv
  • D. i, ii, iii, iv
✔ सही उत्तर: D
व्याख्या: पाबूजी के बारे में दिए गए सभी कथन पूर्णतः सत्य हैं। विवाह के दौरान देवल चारणी की गायों की रक्षा हेतु वे तीन फेरे लेकर ही उठ गए थे।

प्रश्न 417. पाबूजी ने देवल चारणी की गायों की रक्षा अपने बहनोई जिंदराव खींची (जायल) से -------- की थी। इस दौरान वीर गति को प्राप्त हुए थे।

  • A. 1240 ई.
  • B. 1250 ई.
  • C. 1276 ई.
  • D. 1280 ई.
✔ सही उत्तर: C
व्याख्या: पाबूजी ने 1276 ई. में देचू गाँव में अपने बहनोई जायल (नागौर) के शासक जिंदराव खींची से युद्ध करते हुए वीरगति प्राप्त की थी।

प्रश्न 418. पाबूजी का प्रसिद्ध मंदिर जहाँ भाला लिए अश्वारोही के रूप में पूजा होती है, कहाँ है?

  • A. देचू
  • B. कोलू
  • C. बापिणी
  • D. बैंगटी
✔ सही उत्तर: B
व्याख्या: पाबूजी का प्रमुख और सबसे प्रसिद्ध मंदिर उनके जन्म स्थान 'कोलू' (कोलूमुण्ड) में स्थित है जहाँ उनकी भाला लिए अश्वारोही प्रतिमा की पूजा होती है।

प्रश्न 419. "लक्ष्मण का अवतार" किस देवता को माना जाता है?

  • A. पाबूजी
  • B. गोगाजी
  • C. तेजाजी
  • D. हड़बूजी
✔ सही उत्तर: A
व्याख्या: लोकदेवता पाबूजी को भगवान राम के भाई 'लक्ष्मण का अवतार' माना जाता है।

प्रश्न 420. मारवाड़ में सर्वप्रथम ऊँट लाने का श्रेय है?

  • A. पाबूजी
  • B. गोगाजी
  • C. तेजाजी
  • D. हड़बूजी
✔ सही उत्तर: A
व्याख्या: राजस्थान (विशेषकर मारवाड़) में सबसे पहले ऊँट (सांढ) लाने का श्रेय पाबूजी को दिया जाता है। ऊँट बीमार होने पर पाबूजी की फड़ बांची जाती है।

प्रश्न 421. गौरक्षक एवं सांपों के देवता के रूप में प्रसिद्ध हैं?

(i) गोगाजी
(ii) पाबूजी
(iii) तेजाजी
(iv) हड़बूजी

  • A. i, ii
  • B. i, iii
  • C. i, iii, iv
  • D. ii, iii
✔ सही उत्तर: B
व्याख्या: राजस्थान में गोगाजी और तेजाजी दोनों को मुख्य रूप से गौरक्षक और 'सांपों के देवता' (नागों के देवता) के रूप में पूजा जाता है।

प्रश्न 422. देवनारायण जी के सम्बन्ध में सत्य कथन बताइये-

(i) देवनारायण जी बगड़ावत सवाई भोज एवं सेढू गुर्जर के पुत्र थे।
(ii) इनके बचपन का नाम उदयसिंह था।
(iii) इनका विवाह पीपलदे के साथ हुआ था।
(iv) प्रमुख मंदिर आसींद (भीलवाड़ा) में है।

  • A. i, ii, iii
  • B. ii, iii, iv
  • C. i, iii, iv
  • D. i, ii, iii, iv
✔ सही उत्तर: D
व्याख्या: देवनारायण जी के विषय में दिए गए सभी कथन पूर्णतः सत्य हैं। गुर्जर समाज के ये प्रमुख आराध्य देव हैं।

प्रश्न 423. लोकदेवता जिनके पिता भिनाय के शासक से संघर्ष करते हुए अपने 23 भाइयों के साथ वीरगति को प्राप्त हुए थे?

  • A. तेजाजी
  • B. पाबूजी
  • C. देवनारायण जी
  • D. वीर कल्ला राठौड़
✔ सही उत्तर: C
व्याख्या: देवनारायण जी के पिता सवाई भोज भिनाय के शासक (दुर्जनशाल) से युद्ध करते हुए अपने 23 भाइयों (बगड़ावतों) के साथ वीरगति को प्राप्त हुए थे।

प्रश्न 424. गौरक्षक देवता थे?

(i) गोगाजी
(ii) पाबूजी
(iii) तेजाजी
(iv) देवनारायण जी
(v) मेहाजी

  • A. i, ii, iii
  • B. i, iii, iv, v
  • C. ii, iii, iv
  • D. i, ii, iii, iv, v
✔ सही उत्तर: D
व्याख्या: गोगाजी, पाबूजी, तेजाजी, देवनारायण जी और मेहाजी—ये सभी लोकदेवता गायों की रक्षा करते हुए अमर हुए और गौरक्षक देवता कहलाए।

प्रश्न 425. देवनारायण जी के मुख्य मंदिर आसींद में मेला भरता है?

  • A. माघ शुक्ल 14
  • B. भाद्रपद शुक्ल 7
  • C. आश्विन शुक्ल 14
  • D. भाद्रपद शुक्ल 14
✔ सही उत्तर: B
व्याख्या: देवनारायण जी का मुख्य मेला उनके जन्म स्थान आसींद (भीलवाड़ा) में प्रतिवर्ष 'भाद्रपद शुक्ल सप्तमी' को भरता है।

प्रश्न 426. लोकदेवता जिनसे सम्बन्धित काव्य (फड़) का गायन हर रात तीन पहर गाये जाने पर छः माह में पूर्ण होता है?

  • A. गोगाजी
  • B. तेजाजी
  • C. रामदेवजी
  • D. देवनारायण जी
✔ सही उत्तर: D
व्याख्या: देवनारायण जी की फड़ राजस्थान की सबसे लंबी और सबसे पुरानी फड़ है। इसका गायन गुर्जर भोपों द्वारा जंतर वाद्ययंत्र के साथ किया जाता है जिसे पूर्ण होने में 6 माह लगते हैं।

प्रश्न 427. महेवा का शासन संभालने वाले संत/लोकदेवता थे?

  • A. देवनारायण जी
  • B. मल्लीनाथ जी
  • C. तल्लीनाथ जी
  • D. मेहाजी
✔ सही उत्तर: B
व्याख्या: मल्लीनाथ जी बाड़मेर के मालाणी (महेवा) क्षेत्र के शासक थे। इन्हीं के नाम पर बाड़मेर के इस परगने का नाम 'मालाणी' पड़ा।

प्रश्न 428. सूबेदार निजामुद्दीन की सेना को हराने वाले संत थे?

  • A. संत पीपाजी
  • B. मल्लीनाथ जी
  • C. गोगाजी
  • D. पाबूजी
✔ सही उत्तर: B
व्याख्या: 1378 ई. में मल्लीनाथ जी ने मालवा के सूबेदार निजामुद्दीन की विशाल सेना को पराजित कर अपने अदम्य साहस का परिचय दिया था।

प्रश्न 429. वे संत जिन्होंने अपनी पत्नी की प्रेरणा से योग साधना की दीक्षा ली थी?

  • A. मल्लीनाथ जी
  • B. संत पीपाजी
  • C. गोगाजी
  • D. पाबूजी
✔ सही उत्तर: A
व्याख्या: मल्लीनाथ जी ने अपनी पत्नी 'रूपादे' (जो स्वयं एक भक्त और संत थीं) की प्रेरणा से उगमसी भाटी से योग साधना की दीक्षा ली थी।

प्रश्न 430. ------------- ने मारवाड़ के सारे संतों को एकत्र करके 1399 ई. में एक वृहत् हरि-कीर्तन आयोजित करवाया था।

  • A. रामदेवजी
  • B. मल्लीनाथ जी
  • C. राणी भटियाणी
  • D. आलम जी
✔ सही उत्तर: B
व्याख्या: 1399 ई. में मल्लीनाथ जी ने मारवाड़ के सभी संतों और भक्तों को एकत्रित कर एक विशाल हरि-कीर्तन (सत्संग) का आयोजन करवाया था।

प्रश्न 431. मल्लीनाथ जी के सम्बन्ध में सत्य कथन बताइये-

(i) इनका जन्म रावल सलखा एवं जाणी दे के घर 1358 ई. में हुआ था।
(ii) इनका मंदिर तिलवाड़ा में बना हुआ है।
(iii) चैत्र कृष्ण एकादशी से मेला भरता है।

  • A. i, ii
  • B. i, iii
  • C. केवल ii
  • D. i, ii, iii
✔ सही उत्तर: D
व्याख्या: मल्लीनाथ जी के बारे में सभी कथन सत्य हैं। इनका विशाल पशु मेला तिलवाड़ा (बाड़मेर) में लूनी नदी के किनारे चैत्र माह में भरता है।

प्रश्न 432. बाबा रामदेव जी ने विरोध किया था?

(i) जाति प्रथा
(ii) मूर्ति पूजा

  • A. केवल i
  • B. केवल ii
  • C. दोनों नहीं
  • D. i और ii दोनों
✔ सही उत्तर: D
व्याख्या: बाबा रामदेवजी ने समाज में व्याप्त छुआछूत, ऊंच-नीच (जाति प्रथा) और मूर्ति पूजा का कड़ा विरोध किया और निर्गुण भक्ति व समानता का संदेश दिया।

प्रश्न 433. कामड़िया पंथ के संस्थापक थे?

  • A. बाबा रामदेव जी
  • B. पाबूजी
  • C. तेजाजी
  • D. गोगाजी
✔ सही उत्तर: A
व्याख्या: समाज के पिछड़े और अछूत माने जाने वाले वर्गों के उद्धार हेतु बाबा रामदेवजी ने 'कामड़िया पंथ' की स्थापना की थी।

प्रश्न 434. रामदेवजी के मेले में नृत्य किया जाता है?

  • A. भवाई
  • B. कच्छीघोड़ी
  • C. तेरहताली
  • D. नौटंकी
✔ सही उत्तर: C
व्याख्या: बाबा रामदेवजी के मेले का मुख्य आकर्षण कामड़ जाति की महिलाओं द्वारा किया जाने वाला 'तेरहताली नृत्य' है।

प्रश्न 435. बाबा रामदेवजी के जीवन से सम्बन्धित विशेषता नहीं है?

  • A. वीर योद्धा
  • B. लेखक एवं कवि
  • C. समाज सुधारक
  • D. लोक देवता
✔ सही उत्तर: D
व्याख्या: (नोट: दिए गए विकल्प और उत्तर कुंजी के अनुसार D है, यद्यपि रामदेवजी लोकदेवता ही माने जाते हैं। वे एक महान समाज सुधारक, शूरवीर और 'चौबीस बाणियां' ग्रंथ के रचयिता कवि भी थे।)

प्रश्न 436. बाबा रामदेवजी ने -------- ई. में जीवित समाधि ली थी।

  • A. 1405
  • B. 1440
  • C. 1458
  • D. 1460
✔ सही उत्तर: C
व्याख्या: बाबा रामदेवजी ने 1458 ई. (वि.सं. 1515) में भाद्रपद शुक्ल एकादशी के दिन रामदेवरा (रूणेचा) में रामसरोवर की पाल पर जीवित समाधि ली थी।

प्रश्न 437. साम्प्रदायिक सद्भाव का सबसे बड़ा बाबा रामदेवजी का मेला किस महीने में भरता है?

  • A. चैत्र
  • B. वैशाख
  • C. भाद्रपद
  • D. आश्विन
✔ सही उत्तर: C
व्याख्या: बाबा रामदेवजी का विशाल मेला रामदेवरा (जैसलमेर) में 'भाद्रपद शुक्ल द्वितीया से एकादशी' तक भरता है, जो साम्प्रदायिक सद्भाव का प्रतीक है।

प्रश्न 438. रामदेवजी के सम्बन्ध में सत्य कथन बताइये-

(i) अजमाल जी एवं मैणा दे के घर उण्डू काश्मीर में जन्म हुआ था।
(ii) रामदेवजी मल्लीनाथ जी के समकालीन थे।
(iii) मल्लीनाथ ने रामदेवजी को पोकरण की जागीर दी थी।
(iv) भैरव राक्षस का वध किया था।

  • A. ii, iii, iv
  • B. i, ii, iii
  • C. i, iv
  • D. i, ii, iii, iv
✔ सही उत्तर: D
व्याख्या: बाबा रामदेवजी के सम्बन्ध में दिए गए ये सभी कथन पूर्णतः सत्य हैं। मल्लीनाथ जी ने ही रामदेवजी को पोकरण का क्षेत्र जागीर में दिया था।

प्रश्न 439. रामदेवजी के सम्बन्ध में सत्य कथन बताइये-

(i) विवाह - अमरकोट के दलजी सोढा की पुत्री नेतल दे के साथ हुआ।
(ii) रामदेवजी ने रामदेवरा (रूणेचा) गांव बसाया।
(iii) रामदेवजी ने भाद्रपद शुक्ल 11 के दिन समाधि ली थी।
(iv) रामदेवजी को कृष्ण का अवतार मानते हैं।

  • A. i, ii, iii
  • B. ii, iii, iv
  • C. i, iv
  • D. i, ii, iii, iv
✔ सही उत्तर: D
व्याख्या: रामदेवजी से सम्बन्धित ये सभी तथ्य ऐतिहासिक रूप से सत्य हैं। इन्हें भगवान कृष्ण (विष्णु) का अवतार माना जाता है।

प्रश्न 440. पंचपीरों में शामिल नहीं हैं?

  • A. रामदेवजी
  • B. हड़बूजी
  • C. तेजाजी
  • D. गोगाजी
✔ सही उत्तर: C
व्याख्या: राजस्थान के मारवाड़ क्षेत्र के पांच लोकदेवताओं (पंचपीरों) में तेजाजी शामिल नहीं हैं। पंचपीर हैं - गोगाजी, रामदेवजी, पाबूजी, मेहाजी, और हड़बूजी।

प्रश्न 441. पंचपीरों में शामिल देवताओं का सही युग्म है?

  • A. गोगाजी, तेजाजी, पाबूजी, हड़बूजी, रामदेवजी
  • B. गोगाजी, पाबूजी, मेहाजी, हड़बूजी, रामदेवजी
  • C. तेजाजी, पाबूजी, मेहाजी, हड़बूजी, रामदेवजी
  • D. गोगाजी, पाबूजी, तेजाजी, हड़बूजी, रामदेवजी
✔ सही उत्तर: B
व्याख्या: "पाबू, हड़बू, रामदे, मांगलिया मेहा। पांचू पीर पधारज्यौ, गोगाजी जेहा।" इस दोहे के अनुसार पंचपीर गोगाजी, पाबूजी, मेहाजी मांगलिया, हड़बूजी और रामदेवजी हैं।

प्रश्न 442. मेहाजी मांगलिया का प्रमुख मंदिर ----------- में स्थित है जहाँ भाद्रपद कृष्ण अष्टमी के दिन मेला भरता है।

  • A. भुंडेल
  • B. तापू
  • C. बैंगटी
  • D. बापिणी
✔ सही उत्तर: D
व्याख्या: पंचपीरों में से एक मेहाजी मांगलिया का मुख्य मंदिर फलोदी (जोधपुर) जिले के 'बापिणी' गाँव में स्थित है।

प्रश्न 444. पंचपीरों में कर्नल जेम्स टॉड के अनुसार शामिल लोकदेवता जो गहलोत (गुहिल) राजवंश से सम्बन्धित थे?

  • A. रामदेवजी
  • B. पाबूजी
  • C. मेहाजी
  • D. हड़बूजी
✔ सही उत्तर: C
व्याख्या: मेहाजी मांगलिया मूल रूप से गहलोत (गुहिल) वंश के थे, लेकिन पालन-पोषण ननिहाल में मांगलिया गोत्र में होने के कारण इन्हें मेहाजी मांगलिया कहा जाता है।

प्रश्न 445. लोकदेवता ----------- का प्रमुख स्थान हरभमजाल गाँव था।

  • A. हड़बूजी
  • B. मेहाजी
  • C. तेजाजी
  • D. पाबूजी
✔ सही उत्तर: A
व्याख्या: लोकदेवता हड़बूजी सांखला का मुख्य स्थान और कर्मस्थली हरभमजाल नामक स्थान (बैंगटी के पास) था।

प्रश्न 446. लोकदेवता जो गुरुभाई एवं मौसेरे भाई थे-

  • A. गोगाजी, पाबूजी
  • B. रामदेवजी, हड़बूजी
  • C. हड़बूजी, मेहाजी
  • D. रामदेवजी, पाबूजी
✔ सही उत्तर: B
व्याख्या: हड़बूजी और रामदेवजी दोनों मौसेरे भाई थे और दोनों के गुरु का नाम 'बालीनाथ जी' था, इसलिए वे गुरुभाई भी थे।

प्रश्न 447. हड़बूजी के सम्बन्ध में सत्य कथन बताइये-

(i) हड़बूजी (भुंडेल) राव जोधा के समकालीन थे।
(ii) अस्त्र-शस्त्र एवं शकुन शास्त्र के ज्ञाता थे।
(iii) रामदेवजी की प्रेरणा से गुरु दीक्षा ली थी।
(iv) प्रमुख मंदिर बैंगटी (फलोदी) में है।

  • A. i, ii, iii
  • B. ii, iii, iv
  • C. i, iv
  • D. i, ii, iii, iv
✔ सही उत्तर: D
व्याख्या: हड़बूजी के विषय में दिए गए सभी कथन पूर्णतः सत्य हैं। राव जोधा ने राज्य प्राप्ति के बाद इन्हें बैंगटी गाँव जागीर में दिया था।

प्रश्न 448. लोकदेवता जिनके मंदिर में बैलगाड़ी की पूजा होती है-

  • A. रामदेवजी
  • B. पाबूजी
  • C. हड़बूजी
  • D. मेहाजी
✔ सही उत्तर: C
व्याख्या: हड़बूजी की बैलगाड़ी (छकड़ा) की पूजा उनके मंदिर (बैंगटी) में की जाती है क्योंकि वे इसी गाड़ी में पंगु और अपाहिज गायों के लिए चारा लाते थे।

प्रश्न 449. लोकदेवता जो मेवाड़ महाराणा उदयसिंह के समकालीन थे-

  • A. वीर कल्ला राठौड़
  • B. तेजाजी
  • C. भैरवनाथ
  • D. देवनाथ आचार्य
✔ सही उत्तर: A
व्याख्या: वीर कल्लाजी राठौड़ (चार हाथों वाले देवता) मेवाड़ के महाराणा उदयसिंह के समकालीन थे और 1568 ई. में चित्तौड़ के तीसरे साके में वीरगति को प्राप्त हुए थे।

प्रश्न 450. लोकदेवता ---------------- का प्रमुख केन्द्र रूण्डेला था।

  • A. हड़बूजी
  • B. मेहाजी
  • C. पाबूजी
  • D. कल्ला जी
✔ सही उत्तर: D
व्याख्या: वीर कल्लाजी राठौड़ की प्रमुख पीठ (केन्द्र) 'रनेला' (रूण्डेला) में स्थित है।

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